बंथरा में श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिवस अजामिलो, प्रह्लाद व कृष्ण जन्म की कथा का वर्णन
एनएनआई एडिटर फतेहपुर विनीत कुमार पाण्डे की रिपोर्ट
जहानाबाद फतेहपुर क्षेत्र के बम्थरा गांव में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद् भागवत पुराण कथा के चौथे दिवस सच्चा बाबा आश्रम प्रयागराज से पधारे कथा व्यास आचार्य राघव जी महाराज ने भक्तों को अजामिलो प्रसंग, प्रह्लाद चरित्र, गजेंद्र मोक्ष, वामन-बलि कथा सहित सूर्यवंश और चंद्रवंश की कथाओं का सरस व्याख्यान कराया।
उन्होंने कहा कि जीव रूपी इंसान यदि अपने बच्चों को संस्कार देते हुए उनके नाम राम, कृष्ण, केशव, माधव, वासुदेव जैसे ईश्वरीय नाम रखे, तो अंतिम क्षणों में उनके नाम स्मरण से मोक्ष की प्राप्ति संभव है। कथा के दौरान श्रीकृष्ण जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया गया। “नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की” के जयकारों से पूरा परिसर गुंजायमान हो उठा। आचार्य राघव जी महाराज ने कहा कि भगवान की कृपा से ही जीवन में अच्छे-बुरे समय आते हैं और प्रभु की इच्छा के बिना कुछ भी संभव नहीं है। कार्यक्रम में मुख्य यजमान श्रीमती पुष्पा मिश्रा, लवकुश कुमार मिश्रा सहित दयाशंकर द्विवेदी, उमाशंकर द्विवेदी, बाबू अवस्थी, कृपयानंद बाजपेई, अरुण कुमार तिवारी, एडवोकेट सुशील सिंह, प्रधान गिरजा शंकर शुक्ला, उमेश त्रिवेदी सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।






