एडिटर फतेहपुर विनीत कुमार पाण्डे की रिपोर्ट
जहानाबाद फतेहपुर बंथरा गांव में चल रही ज्ञान व भक्तमयी सात दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा के पंचम दिवस सच्चा बाबा आश्रम प्रयागराज से पधारे कथा व्यास आचार्य राघव जी महाराज ने अपने मुखारविंद से भगवान कृष्ण की बाल लीलाओं का व्याख्यान करते हुए कहा कि परमात्मा कभी इंसान रूपी जीव को जल्दी से अपना नहीं बनाते लेकिन कृपा वश अगर उसको स्वीकार कर लिया तो उसे अपना बंधन संबंध कभी नहीं तोड़ते हैं।
बंथरा गांव में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद् भागवत पुराण कथा में आचार्य श्री राघव जी महाराज ने कहा कि भगवान हमेशा भक्ति के वश में होते हैं उन्होंने कहाकि जैसे भगवान कृष्ण गोपियों के भक्ति वश मे होकर माखन चोरी लीला की और गोपियों के घर जाकर इसने प्रदान किया कथा के दौरान आचार्य श्री राघव जी महाराज ने श्रीमद् भागवत कथा श्रवण कर रहे श्रोताओं को व्याख्यान देते हुए कहा कि परमात्मा कभी जीव रूपी इंसान को जल्दी से अपना नहीं बनाते है लेकिन कृपा वश उसे स्वीकार कर लिया तो अपना संबंध हुआ बंधन कभी नहीं तोड़ते हैं कथा के दौरान उन्होंने पूतना वध वृंदावन गमन लीला, चीर हरण लीला उखल बंधन लीला, गोवर्धन लीलाओं को विस्तार से भगवत प्रेमियों को श्रवण कराया।






